बड़वाह। 69 लाख रुपए से नपा ने गणगौर घाट का सौंदर्यीकरण कर दिया नया रूप…श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की नहीं होगी परेशानी…

कपिल वर्मा बड़वाह। बड़वाह में निमाड़ का प्रसिद्ध दस दिवसीय गणगौर पर्व की शुरुआत हो गई है। वही वर्षो पुराने बने गणगौर माता को पानी पिलाने का विसर्जन स्थल जीर्णशीर्ण हो चुका गणगौर घाट इस बार नए स्वरूप में दिखाई देगा।
नपाध्यक्ष राकेश गुप्ता व परिषद के इस बहुप्रतीक्षित प्रयास से आमजन को नई सौगात देखने को मिलेगी। गणगौर घाट पर 69 लाख रुपए की लागत से घाट का सौंदर्यीकरण का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। जिससे उसे एक नए स्वरूप में बना दिया हैं। स्टाॅप डेम के साथ ही नदी के चारों और घाट एवं चढ़ाव का निर्माण कर नदी के तल से गंदगी व गाद को साफ कर सीमेंटीकरण किया गया है व उसके ऊपर लाल पत्थर लगाए जा रहे है।
ताकि पानी की स्वच्छता और सुंदरता बनी रहें। हांलाकी अभी इसका पूर्ण निर्माण होने में एक से दो माह का समय लग सकता हैं। लेकिन गणगौर पर्व की तीज आते-आते इसका महत्वपूर्ण निर्माण कार्य पुरा हो जाएगा। और गणगौर माता के लिए नए स्वरूप में घाट नजर आएगा।
नपाध्यक्ष राकेश गुप्ता ने बताया कि गणगौर घाट कई सालों से हमारे लिए एक दर्शनीय स्थल रहा हैं। गणगौर पर्व के दौरान पुरा शहर यहां माता के दर्शन के लिए आता है लेकिन उसकी दुर्दशा देखकर मन में अच्छी अनुभूति नहीं होती थी। इसके चलते हम लंबे समय से घाट के सौंदर्यीकरण कार्य में लगे हुए थे। पहले घाट का सौंदर्यीकरण करने के लिए दो बार टेंडर प्रक्रिया की गई थी।
इसके बाद जब निर्माण कार्य शुरु हुआ तो घाट की चट्टानें ठेकेदार के सामने बड़ी समस्या बनकर आई। लेकिन माता रानी की कृपा से अब घाट का निर्माण अंतिम दौर में हैं। करीबन एक से दो माह के अंदर इसका पुरा निर्माण कार्य हो जाएगा। हांलाकी पर्व के पहले ही इसका बैसिक स्ट्रक्चर बनकर तैयार हो जाएगा।
घाट के साथ ही गणगौर जाने वाले मुख्य मार्गो को भी पुरी तरह तैयार रखा हैं। वहीं सीवरेज एवं जल आवर्धन का काम देख रही कंपनियों को भी सख्त चेतावनी जारी की हैं। मार्ग में इस बार किसी भी तरह की बाधा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



