
*शास्त्री ब्रिज को नया बनाने के लिए सांसद शंकर लालवानी से रेलवे एवं नगर निगम के अधिकारियों की मुलाकात, कई मुद्दों पर चर्चा हुई*

इंदौर का शास्त्री ओवरब्रिज अब जर्जर स्थिति में पहुंच चुका है और शहर की बढ़ती यातायात आवश्यकताओं के अनुरूप इसे नए सिरे से विकसित करने की दिशा में ठोस पहल शुरू हो गई है। सांसद शंकर लालवानी ने अधिकारियों से दौरा करने के लिए कहा था और इसी क्रम में आज रेलवे एवं नगर निगम के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से शास्त्री ब्रिज का निरीक्षण किया और नए ब्रिज के निर्माण की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की।
सांसद शंकर लालवानी ने बताया कि लगभग दो माह पूर्व उन्होंने रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर शास्त्री ब्रिज को नए स्वरूप में बनाने का आग्रह किया था और रेलमंत्री ने अधिकारीयों को निर्देश दिए थे। उसी पहल का परिणाम है कि अब संबंधित विभागों ने तकनीकी सर्वे और व्यवहार्यता पर काम शुरू कर दिया है।
प्रारंभिक चर्चा के अनुसार ब्रिज की लम्बाई, ऊंचाई और चौड़ाई बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। ब्रिज की अनुमानित लागत लगभग 110 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
सांसद लालवानी के अनुसार नया ब्रिज आधुनिक तकनीक से बनाया जाएगा, ताकि भविष्य की यातायात जरूरतों को ध्यान में रखा जा सके।
सांसद शंकर लालवानी ने कहा कि शास्त्री ब्रिज इंदौर की प्रमुख कनेक्टिविटी का हिस्सा है और इसकी स्थिति लंबे समय से चिंता का विषय रही है। आज का निरीक्षण एक सकारात्मक कदम है। अब सभी जनप्रतिनिधि, रेलवे और नगर निगम मिलकर आगे की कार्ययोजना को अंतिम रूप देंगे, ताकि शहरवासियों को सुरक्षित और सुगम यातायात सुविधा मिल सके।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि समन्वय और प्राथमिकता के आधार पर इस महत्वपूर्ण परियोजना को शीघ्र आगे बढ़ाया जाएगा।



