
*इंदौर में हुआ देश का अब तक का सबसे बड़ा बांग्लादेश के खिलाफ विरोध प्रदर्शन*
*आकाश विजयवर्गीय के साथ 15000 से अधिक के संख्या में लोग जन आक्रोश रैली में हुए शामिल*
*युवाओं , महिलाओं , बच्चों सहित बुजुर्ग भी बड़ी संख्या में हुए देशहित की यात्रा में शामिल*
*हम यूसुफ को दिए गए नोबेल पुरस्कार वापस लेने की मांग करते है – आकाश विजयवर्गीय*

*बांग्लादेश के मुस्लिम अगर नहीं सुधरे तो देश में और इंदौर में भी एक भी बांग्लादेशी नहीं रह पाएगा इसका संकल्प हम करते है – आकाश विजयवर्गीय*
*प्रशासन तो घुसपैठिए की चिंता करेगा ही,लेकिन हम भी घर घर जाएंगे – आकाश विजयवर्गीय*

*फिलिस्तीन पर हमला होता है तो कांग्रेस और उसके समर्थक सड़कों पर आते है, हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार पर खामोश है – आकाश विजयवर्गीय*
*”All eyes on Bangladesh” का संदेश देती गाड़ी के साथ, ढोल ताशे , विंटेज कार, भगवा ध्वज और तिरंगे लेकर रैली में साथ चले जिम्मेदार नागरिक*
*आकाश विजयवर्गीय ने राजवाड़ा पर किया बांग्लादेशी प्रमुख मो. युनुस, ममता बनर्जी और राहुल गांधी का पुतला दहन*
*आकाश विजयवर्गीय ने “हम सब एक है” के नारे के साथ यात्रा की शुरुवात की*
*हजारों की संख्या में काले वस्त्र पहन विरोध करते जिम्मेदार नागरिक हुए जन आक्रोश यात्रा में शामिल*
*इंदौर* – हम इस विशाल जन आक्रोश रैली के माध्यम से यह संकल्प लेते हैं कि इंदौर से एक-एक बांग्लादेशी घुसपैठिये को निकालकर बाहर करेंगे। इसके लिए यदि हमें एक-एक घर में जाकर आईडी चेक करना पड़ी तो वह भी करेंगे। यह बात पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय ने 27 दिसंबर शनिवार को बांग्लादेश में हिंदूओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ आयोजित जन आक्रोश रैली में कही।
बांग्लादेश में हिंदूओं पर हो रहे अत्याचारों को लेकर शहर में 15000 से अधिक लोगों ने सड़कों पर उतर कर आक्रोश व्यक्त किया। बड़ा गणपति से लेकर राजबाड़ा तक काले कपड़े पहने 15 हजार से ज्यादा लोगों का हुजूम नजर आ रहा था। हाथों में अनगिनत भगवा एवं तिरंगे ध्वज के साथ तख्तियां, बैनर लेकर लोग बांग्लादेश की कट्टरपंथी युनूस सरकार के खिलाफ नारे लगा रहे थे। जन आक्रोश रैली का आयोजन आकाश विजयवर्गीय के नेतृत्व हुआ।
आकाश विजयवर्गीय ने बांग्लादेश की कट्टरपंथी युनूस सरकार को हिंदू अत्याचारों के खिलाफ सख्त लहजे में कड़ी चेतावनी दी और वहां की अराजक स्थिति की कड़े शब्दों में निंदा की।
*मो. युनूस से नोबेल अवार्ड वापस लें – आकाश विजयवर्गीय*
इस अवसर पर उपस्थित विशाल जनसमुदाय को संबोधित करते हुए आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि हमने 25 दिसंबर को इस विशाल आक्रोश रैली को निकालने का निश्चय किया था। इतने कम समय में इतनी बड़ी संख्या में हिंदूओं का संगठित होना हमारे संगठन की एकता की शक्ति है। हमारा रैली के माध्यम से यह आक्रोश पड़ोसी देश बांग्लादेश के खिलाफ है। हम भारत में सभी धर्म के लोगों के साथ प्रेमभाव से रहते हैं, लेकिन बांग्लादेश ने हिंदूओं पर अत्याचार कर बर्बरता की सारी हदे पार कर दी है।
बांग्लादेश के वर्तमान प्रमुख मो. युनूस को शांति का नोबेल अवार्ड मिला है। आज हम इस रैली के माध्यम से स्वीडन की नोबेल कमेटी के साथ संपूर्ण विश्व से अपील करते हैं कि इस तरह की आतंकी सोच वाले व्यक्ति से नोबेल अवार्ड वापस लें। फिलिस्तीन का समर्थन करने के लिए राहुल गांधी और प्रियंका गांधी संसद में फिलिस्तीन की तस्वीरों वाली टीशर्ट और झोला लेकर गए थे और फिलीस्तीन की आवाज को उठाया था, लेकिन राहुल-प्रियंका से लेकर एक भी कांग्रेसी बांग्लादेश के पीड़ित हिंदूओं को लेकर सड़कों पर नहीं आया। धारा 370 का विरोध करने वाले, रामसेतू का विरोध करने वालों के पास हिंदूओं की आवाज सुनने का समय नहीं है, लेकिन आज जरूरत बांग्लादेश में हो रहे अत्याचार के खिलाफ एकजूट होने की है। हम जातिवाद की वजह से पिछड़ रहे हैं इसलिए आज हम यहां एकजुट होने का संकल्प लेते हैं। और नारा लगाते हैं कि’ हम सब एक हैं’।
*संतों ने की हिंदूओं से एकजूट होने की अपील*
इस अवसर पर बोलते हुए पवनदासजी महाराज ने कहा कि बांगलादेश में हिंदूओं पर जो अत्याचार हो रहा है वह निंदनीय है। इस तरह से वह हमारे धैर्य की परीक्षा ले रहा है। हमारा देश बांग्लादेश को कुचलने में सक्षम है। यदि बांग्लादेश वापस भारत का हिस्सा बन जाए तो कश्मीर की तरह बांग्लादेश की समस्या भी हमेशा के लिए हल हो जाएगी।
इस अवसर पर बोलते हुए राधे-राधे महाराज ने कहा कि हिंदूओं को अपने ऊपर हो रहे अत्याचार से निपटने के लिए जागृत होना होगा। देश में घुसे बांग्लादेशी घुसपैठियों को निकालकर बाहर करना होगा। यह घुसपैठिये अवैध तरीके से यहा आकर पांच-पांच बच्चे पैदा कर देश का संतुलन बिगाड़ रहे हैं, जबकि हिंदू देश में केवल दो बच्चों से ज्यादा को जन्म नहीं दे रहे हैं। इस समस्या से निपटने के लिए हम सभी को एकजुट होना होगा। हिदूओं की आबादी को बढ़ाना होगा।
*रैली में जमकर दिखा देशभक्ति का जुनून*
बड़ा गणपति से निकली जन आक्रोश रैली को मंच पर आसीन वक्ताओं ने संबोधित किया इसके पश्चात रैली राजबाड़ा के लिए रवाना हुई। रैली में हजारों की संख्या में लोग काले कपड़े पहन कर विरोध जताने के लिए शामिल हुए। रैली में पधारे संतजन एक विंटेज कार में सवार थे। गन्नू महाराज अपने साथियों के साथ देशभक्ति के गीत गाते चल रहे थे। रैली में देशभक्ति की झांकियां बनाकर लोग लाए थे। इसके साथ ही डीजे पर देशभक्ति के गीत चल रहे थे। राजबाड़ा पर बांग्लादेश के राष्ट्रपति मो. युनूस के पुतले का दहन कर रैली का समापन किया गया।
जन आक्रोश रैली में पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय के अलावा हिंदू संत श्री राधे राधे महाराज, श्री पवनदासजी महाराज, अखंडधाम के श्री चैतन्य स्वरूप महाराज, यजेंद्रदास जी महाराज, पंडित देवेंद्र तिवारीजी के साथ भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं कार्यकर्ताओं सहित विशाल जन समूह उपस्थित था।



