
डबरा के अद्वितीय “नवग्रह मंदिर” की सेवाएं अब दुनिया के सबसे बड़े भक्ति प्लेटफॉर्म “श्री मंदिर” ऐप पर, दिव्यांगों और दूर-दराज के भक्तों के लिए बनेगा वरदान
● श्री मंदिर ऐप के माध्यम से अब विश्वभर के श्रद्धालु कर सकेंगे डबरा के “नवग्रह मंदिर” में ऑनलाइन पूजा और चढ़ावा सेवा
● दिव्यांगों और प्रवासी भारतीयों के लिए डिजिटल आस्था का नया माध्यम बना “श्री मंदिर”; घर बैठे मिलेगा नौ ग्रहों की शांति का पुण्य
● 108 स्तंभों और नक्षत्र वाटिका वाले इस अद्वितीय मंदिर की दिव्य ऊर्जा और सनातन परंपराओं को वैश्विक पहचान
डबरा/ग्वालियर : मध्यप्रदेश के डबरा में स्थित विश्व प्रसिद्ध “नवग्रह मंदिर” ने डिजिटल अध्यात्म की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। अब इस भव्य मंदिर की पूजा सेवाएं विश्व के सबसे बड़े भक्ति प्लेटफॉर्म ‘श्री मंदिर ऐप’ पर उपलब्ध होंगी। इस साझेदारी के माध्यम से दुनिया भर के करोड़ों श्रद्धालु अब अपने मोबाइल के जरिए घर बैठे नौ ग्रहों के दोष निवारण, अभिषेक और विशेष चढ़ावा सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। साथ ही, श्रद्धालु अब श्री मंदिर ऐप के माध्यम से डबरा के इस भव्य नवग्रह मंदिर में सीधे दान भी अर्पित कर सकेंगे।‘श्री मंदिर ऐप’ पर पूजा संपन्न होने के बाद भक्तों को डिजिटल माध्यम से पूजा और संकल्प का वीडियो भी भेजा जाता है, जिससे पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता और भक्तों की अटूट श्रद्धा बनी रहती है।
श्री मंदिर ऐप: तकनीक और श्रद्धा का संगम श्री मंदिर ऐप वर्तमान में दुनिया का सबसे बड़ा और विश्वसनीय हिंदू भक्ति ऐप है, जो तकनीक और श्रद्धा का अद्भुत संगम प्रस्तुत करता है। यह प्लेटफॉर्म दुनिया के किसी भी कोने में बैठे भक्तों को भारत के मंदिरों से जोड़ता है, जहाँ पर भक्त ऑनलाइन पूजा और चढ़ावा सेवाओं का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। विशेष रूप से, यह पहल उन दिव्यांगजनों और बुजुर्गों के लिए एक “ईश्वरीय वरदान” साबित हुई है, जो शारीरिक अक्षमता या स्वास्थ्य कारणों से मंदिर तक की यात्रा करने में असमर्थ हैं। श्री मंदिर ऐप के माध्यम से वे बिना किसी बाधा के अपनी आस्था को पूर्ण कर सकते हैं और मंदिर की दिव्य ऊर्जा का अनुभव कर सकते हैं।
मंदिर की अद्वितीय महिमा और वैज्ञानिक आधार
डबरा का यह नवग्रह मंदिर मात्र एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि ज्योतिष और वास्तु शास्त्र का जीवंत उदाहरण है।इतना ही नहीं, इस स्थान की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह पूरे एशिया का एकमात्र ऐसा मंदिर है जहाँ सभी नवग्रह अपनी-अपनी पत्नियों के साथ विराजमान हैं। ऐसी पूर्णता और गृहस्थ स्वरूप में नवग्रहों के दर्शन अन्यत्र कहीं सुलभ नहीं हैं। 108 स्तंभों पर टिका यह मंदिर 27 नक्षत्रों की ऊर्जा को समाहित करता है।
इसकी विशिष्ट गोलाकार संरचना और केंद्र में स्थित सरोवर सौर ताप को संतुलित कर परिसर में गहरी शांति और सकारात्मकता का संचार करते हैं। साथ ही, 9000 वर्ग फुट में फैली “नक्षत्र वाटिका” ध्यान और आत्मिक शांति के लिए एक शक्तिशाली केंद्र के रूप में विकसित की गई है, जो भक्तों को मानसिक तनाव से मुक्त कर अपनी अंतरात्मा से जुड़ने का अवसर प्रदान करती है।
परशुराम लोक न्यास के ट्रस्टी ने इस अवसर पर कहा, “डबरा का नवग्रह मंदिर सनातन धर्म और ज्योतिष विज्ञान का संगम है। श्री मंदिर ऐप जैसे विश्व स्तरीय प्लेटफॉर्म से जुड़कर अब इस मंदिर की महिमा सात समुद्र पार तक पहुँचेगी। इससे न केवल डबरा को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर स्थान मिलेगा, बल्कि लाखों भक्तों के जीवन से ग्रहों के कष्टों का निवारण भी सुलभ हो सकेगा।”
श्री मंदिर ऐप के संस्थापक प्रशांत सचान ने कहा, “हमारा उद्देश्य भारत के प्राचीन मंदिरों की आध्यात्मिक शक्ति को वैश्विक स्तर पर सुलभ बनाना है। डबरा के नवग्रह मंदिर को वैश्विक स्तर पर पहुँचाना हमारे लिए गर्व की बात है। यह सेवा विशेष रूप से उन दिव्यांग भक्तों के लिए एक आशीर्वाद है जो शारीरिक रूप से मंदिर नहीं पहुँच पाते। अब वे विश्व में कहीं से भी पूरी निष्ठा के साथ ऑनलाइन पूजा और चढ़ावा सेवा कर सकते हैं, जिससे उनकी आस्था और मंदिर के बीच की दूरी समाप्त हो जाएगी।”



